नई दिल्ली | एशियन गेम्स 2026 में भारतीय क्रिकेट टीमों की स्वर्णिम सफलता के बाद खिलाड़ियों को मिलने वाली पुरस्कार राशि चर्चा में है। अलग-अलग राज्य सरकारों की इनामी नीतियों के कारण एक ही गोल्ड मेडल जीतने वाली भारतीय टीम के खिलाड़ियों को मिलने वाली राशि में बड़ा अंतर दिखाई दे रहा है। तमिलनाडु सरकार ने पुरुष क्रिकेट टीम के ऑलराउंडर वॉशिंगटन सुंदर के लिए 75 लाख रुपये के नकद पुरस्कार की घोषणा की है, जबकि उत्तर प्रदेश सरकार की नीति के तहत राज्य के गोल्ड मेडल विजेताओं को 3 करोड़ रुपये दिए जाएंगे।
भारत ने 3 अक्टूबर को जापान के निस्शिन में खेले गए पुरुष क्रिकेट फाइनल में पाकिस्तान को 19 रन से हराकर गोल्ड मेडल जीता। भारतीय टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 211 रन बनाए, जिसके जवाब में पाकिस्तान की टीम 192 रन ही बना सकी।
फाइनल में वॉशिंगटन सुंदर ने गेंदबाजी में अहम योगदान दिया। तमिलनाडु सरकार ने उनके प्रदर्शन और भारतीय टीम की स्वर्णिम उपलब्धि के सम्मान में 75 लाख रुपये के नकद पुरस्कार का ऐलान किया। मुख्यमंत्री विजय ने 3 अक्टूबर को इसकी जानकारी दी।
उत्तर प्रदेश के बाराबंकी के क्रिकेटर विप्रज निगम भी गोल्ड जीतने वाली भारतीय पुरुष टीम का हिस्सा थे। हालांकि, उन्हें टूर्नामेंट में एक भी मैच खेलने का मौका नहीं मिला। इसके बावजूद टीम के आधिकारिक सदस्य होने के कारण वह स्वर्ण पदक विजेता टीम का हिस्सा हैं और यूपी सरकार की पुरस्कार नीति के तहत उन्हें 3 करोड़ रुपये की राशि मिलने की बात सामने आई है।
उत्तर प्रदेश सरकार की घोषित पुरस्कार नीति के अनुसार, एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को 3 करोड़ रुपये, रजत पदक विजेताओं को 1.5 करोड़ रुपये और कांस्य पदक विजेताओं को 75 लाख रुपये दिए जाते हैं। यह राशि राज्य सरकार की ओर से मिलने वाला प्रोत्साहन है। <Cite refs={[“turn938926search2″,”turn938926search26”]} />
भारतीय महिला क्रिकेट टीम की स्टार ऑलराउंडर और आगरा की रहने वाली दीप्ति शर्मा को भी उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से 3 करोड़ रुपये का पुरस्कार दिया जाएगा। महिला टीम ने एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल जीतकर देश को गौरवान्वित किया।
श्रीलंका के खिलाफ फाइनल में दीप्ति ने शानदार गेंदबाजी करते हुए 6 रन देकर 3 विकेट हासिल किए। उनके प्रदर्शन ने भारतीय टीम की जीत में अहम भूमिका निभाई। दीप्ति उत्तर प्रदेश पुलिस में डीएसपी के पद पर भी कार्यरत हैं।
वॉशिंगटन सुंदर और विप्रज निगम को मिलने वाली पुरस्कार राशि का अंतर इस बात को रेखांकित करता है कि खिलाड़ियों को सम्मानित करने के लिए राज्यों की अपनी-अपनी नीतियां हैं। तमिलनाडु की ओर से सुंदर के लिए घोषित 75 लाख रुपये और यूपी की ओर से स्वर्ण पदक विजेताओं के लिए निर्धारित 3 करोड़ रुपये की तुलना इसी अंतर को सामने लाती है।
हालांकि, पुरस्कार राशि की तुलना करते समय यह ध्यान रखना जरूरी है कि अलग-अलग राज्य अपने खिलाड़ियों के लिए अलग मानदंड और प्रोत्साहन योजनाएं तय करते हैं। टीम स्पर्धाओं में किसी खिलाड़ी को मैच खेलने का मौका मिला या नहीं, इससे अलग टीम में उसकी आधिकारिक सदस्यता और संबंधित पुरस्कार नियम भी महत्वपूर्ण होते हैं।
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