Sign In
  • My Bookmarks
Indian Press House
  • होम
  • सियासी
  • वर्ल्ड
  • क्राइम
  • शॉर्ट्स
  • फीचर
  • वेब स्टोरी
  • विचार
  • खेल
  • अन्य
  • Entertainment
  • बाजार
  • लाइफस्टाइल
Reading: ग्रीनलैंड और टैरिफ विवाद के बीच दावोस में ट्रंप को खुली चुनौती, मैक्रों बोले– “यह गुंडागर्दी है”, कनाडा भी साथ आया
Share
Indian Press HouseIndian Press House
Font ResizerAa
  • होम
  • सियासी
  • वर्ल्ड
  • क्राइम
  • शॉर्ट्स
  • फीचर
  • वेब स्टोरी
  • विचार
  • खेल
  • अन्य
  • Entertainment
  • बाजार
  • लाइफस्टाइल
Search
  • होम
  • सियासी
  • वर्ल्ड
  • क्राइम
  • शॉर्ट्स
  • फीचर
  • वेब स्टोरी
  • विचार
  • खेल
  • अन्य
  • Entertainment
  • बाजार
  • लाइफस्टाइल
Have an existing account? Sign In
Follow US
© Indian Press House. Managed by EasyLauncher.
Indian Press House > Blog > Trending News > ग्रीनलैंड और टैरिफ विवाद के बीच दावोस में ट्रंप को खुली चुनौती, मैक्रों बोले– “यह गुंडागर्दी है”, कनाडा भी साथ आया
Trending Newsवर्ल्ड

ग्रीनलैंड और टैरिफ विवाद के बीच दावोस में ट्रंप को खुली चुनौती, मैक्रों बोले– “यह गुंडागर्दी है”, कनाडा भी साथ आया

Gopal Singh
Last updated: January 21, 2026 4:45 pm
Gopal Singh
Share
दावोस में ट्रंप को चुनौती
दावोस में ट्रंप को चुनौती
SHARE

दावोस में चल रहे विश्व आर्थिक मंच (WEF) के सालाना सम्मेलन में इस बार माहौल कुछ ज्यादा ही गर्म नजर आया। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ग्रीनलैंड पर कब्जे की मांग और यूरोपीय देशों पर भारी टैरिफ लगाने की धमकियों ने यूरोप और उसके सहयोगी देशों को खुलकर बोलने पर मजबूर कर दिया। फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों और कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्ने ने दावोस के मंच से ट्रंप की नीतियों पर तीखा हमला बोला और इसे खुली “गुंडागर्दी” करार दिया। सम्मेलन में पहली बार ऐसा महसूस हुआ कि ट्रंप के खिलाफ वैश्विक स्तर पर एकजुट विरोध की आवाज उठ रही है।

Contents
‘सबसे ताकतवर का कानून’ मंजूर नहींपुरानी विश्व व्यवस्था खत्म, नई अनिश्चितता शुरू

‘सबसे ताकतवर का कानून’ मंजूर नहीं

मैक्रों ने अपने भाषण में ट्रंप की टैरिफ धमकियों को “पागलपन” बताते हुए कहा कि यूरोप किसी भी सूरत में “सबसे ताकतवर के कानून” के आगे झुकने वाला नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि अमेरिका अब व्यापार को हथियार बनाकर यूरोप को कमजोर करने की कोशिश कर रहा है और ग्रीनलैंड जैसे मामलों में टैरिफ का इस्तेमाल क्षेत्रीय संप्रभुता पर दबाव डालने के लिए किया जा रहा है। मैक्रों ने चेतावनी दी कि अगर जरूरत पड़ी तो यूरोपीय संघ अपनी ‘एंटी-कोर्शन इंस्ट्रूमेंट’, जिसे ‘ट्रेड बाजूका’ भी कहा जाता है, का इस्तेमाल कर सकता है। यह पहली बार होगा जब ईयू अमेरिका के खिलाफ इतना सख्त कदम उठाने पर विचार करेगा। उन्होंने साफ कहा कि यूरोप गुंडागर्दी नहीं, बल्कि सम्मान, विज्ञान और कानून के राज में विश्वास करता है।

मैक्रों ने इसी दौरान चीन को भी आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि चीन की अत्यधिक उत्पादन क्षमता और विकृत व्यापार प्रथाएं यूरोपीय उद्योगों के लिए खतरा बन रही हैं। मैक्रों का कहना था कि यूरोप चीन के खिलाफ नहीं है, लेकिन उसे सिर्फ सब्सिडी वाला निर्यात नहीं, बल्कि प्रत्यक्ष विदेशी निवेश, तकनीकी साझेदारी और यूरोपीय मानकों का पालन चाहिए।

पुरानी विश्व व्यवस्था खत्म, नई अनिश्चितता शुरू

कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्ने ने दावोस में कहा कि पुरानी वैश्विक व्यवस्था अब वापस नहीं आने वाली है और दुनिया एक बड़े “टूटन” के दौर से गुजर रही है। उन्होंने अमेरिका और चीन जैसे बड़े देशों पर आरोप लगाया कि वे आर्थिक एकीकरण को हथियार, टैरिफ को दबाव और सप्लाई चेन को कमजोरी के रूप में इस्तेमाल कर रहे हैं। कार्ने ने चेतावनी दी कि ट्रंप की नीतियां दुनिया को “किले जैसी” व्यवस्था की ओर ले जा रही हैं, जहां हर देश खुद को बचाने में लग जाएगा और वैश्विक अर्थव्यवस्था और कमजोर होगी। उन्होंने मध्यम ताकत वाले देशों से एकजुट होने की अपील की और अमेरिका से कनाडा की “दोस्ती खत्म” होने की बात दोहराई।

इस बीच ट्रंप ने दावोस पहुंचने से पहले ही सोशल मीडिया पर मैक्रों को निशाना बनाते हुए फ्रेंच वाइन पर 200 फीसदी टैरिफ लगाने की धमकी दे दी। उन्होंने ग्रीनलैंड के मुद्दे पर पीछे न हटने का भी ऐलान किया। यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन ने इन बयानों को “गलती” बताते हुए कहा कि ऐसे कदम ट्रांसअटलांटिक रिश्तों को और नुकसान पहुंचाएंगे। कुल मिलाकर, दावोस 2026 ने यह साफ कर दिया है कि ट्रंप की ‘अमेरिका फर्स्ट’ नीति ने वैश्विक राजनीति और व्यापार दोनों में नई दरारें पैदा कर दी हैं। जानकार मानते हैं कि यह सम्मेलन दुनिया को एक नई भू-राजनीतिक हकीकत की झलक दे गया है, जहां पुराने साझेदार भी अब खुलकर आमने-सामने खड़े नजर आ रहे हैं।

Subscribe to Our Newsletter

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

TAGGED: Canada US Tensions, Davos 2026, Donald Trump, Emmanuel Macron, Europe US Relations, Geopolitics News, Global Economy News, Global Trade Conflict, Greenland dispute, International Politics, Tariff War, Trade War Analysis, US Europe Relations, WEF Davos, World Economic Forum News
Share This Article
Twitter Email Copy Link Print
Previous Article Amazon Great Republic Day Sale 2026 लाइव Amazon Great Republic Day Sale 2026 लाइव: 25 हजार के अंदर मिल रहे हैं पावरफुल गेमिंग स्मार्टफोन्स,Amazon Sale में गेमिंग फोन्स पर तगड़ी डील
Next Article कर्नल सीके नायडू ट्रॉफी: आदर्श सिंह की कप्तानी में UP टीम का ऐलान, लखनऊ के कितने खिलाड़ी? देखें फुल डिटेल

फीचर

View More
AT1 बॉन्ड्स HDFC Bank विवाद

HDFC Bank Crisis Explained: AT1 Bonds का सच — क्यों HDFC Bank विवाद ने हिला दी “सेफ इन्वेस्टमेंट” की धारणा ?

नई दिल्ली:  भारत के सबसे बड़े निजी बैंक HDFC Bank में अचानक उठा विवाद सिर्फ एक इस्तीफे की खबर नहीं…

By Gopal Singh 5 Min Read

अली खामेनेई से अली लारीजानी तक: ईरान के 6 शीर्ष चेहरे, जिन्हें गंवानी पड़ी जान

ईरान के खिलाफ अमेरिका और इजराइल की जंग को अब 18 दिन…

5 Min Read
राज्यसभा चुनाव 2026 क्रॉस वोटिंग कांग्रेस

राज्यसभा चुनाव 2026: ओडिशा से बिहार तक क्रॉस वोटिंग का खेल, मुस्लिम विधायकों ने भी दिया झटका !

16 मार्च 2026 के राज्यसभा चुनावों ने सिर्फ राजनीतिक समीकरण नहीं बदले,…

5 Min Read

विचार

View More
भारत–पाकिस्तान क्रिकेट राइवलरी

रिंकू का ओवर और राइवलरी का बदलता अर्थ: क्या भारत–पाक मुकाबले से गायब हो गई वो अनिश्चितता?

रिंकू का ओवर और राइवलरी का बदलता अर्थ : भारत–पाकिस्तान…

February 16, 2026

भाग-3 : सत्याग्रह का दार्शनिक आधार: टॉल्स्टॉय, गीता और जैन अहिंसा

वैश्विक गांधी: Mandela, King, Einstein ...गांधी…

February 5, 2026

महात्मा गांधी की पुण्यतिथि पर विशेष : दक्षिण अफ़्रीका-अपमान, प्रतिरोध और सत्याग्रह का जन्म

1893 में जब महात्मा गांधी दक्षिण…

January 30, 2026

भाग–1 : दक्षिण अफ़्रीका से आधुनिक भारत तक… गांधी, नैतिक राजनीति और आज की प्रासंगिकता

गांधी — इतिहास नहीं, एक नैतिक…

January 28, 2026

मनोरंजन से वैचारिक हथियार तक… भारतीय सिनेमा में प्रोपेगेंडा का बदलता चेहरा

लोकतंत्र में सिनेमा कभी केवल मनोरंजन…

January 9, 2026

You Might Also Like

इस्लामिक नाटो बैठक पाकिस्तान
Trending Newsवर्ल्ड

‘हम तटस्थ नहीं’—चेतावनियों के बीच पाकिस्तान बुला रहा बड़ी बैठक, क्या बनेगा ‘इस्लामिक नाटो’?

इस्लामाबाद:  मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच अब कूटनीतिक हलचल भी तेज हो गई है। Pakistan एक बड़ी पहल…

3 Min Read
ग्लोबल मार्केट गिरावट मिडिल ईस्ट संकट
Trending Newsबाजार

‘ब्लैक फ्राइडे’ के बाद सहमा बाजार, मिडिल ईस्ट संकट ने ग्लोबल मार्केट को हिलाया,निवेशकों की बढ़ी बेचैनी आगे क्या होगा?

न्यूयॉर्क/मुंबई: वैश्विक बाजारों में उथल-पुथल का दौर जारी है और इसका असर अमेरिका से लेकर भारत तक साफ नजर आ…

4 Min Read
Google ने शुरू किया नया Memory Import फीचर
Trending Newsअन्य

बार-बार AI को समझाने का झंझट खत्म! Gemini में नया फीचर, अब ChatGPT और Claude की मेमोरी होगी इम्पोर्ट

Google ने अपने AI प्लेटफॉर्म Gemini में नया Memory Import फीचर शुरू किया है। इसकी मदद से यूज़र अब दूसरे…

3 Min Read
कोयला ब्लॉक केस फैसला
Trending Newsसियासी

कोयला ब्लॉक आवंटन केस में बड़ा ट्विस्ट, 11 साल बाद कोर्ट ने पूर्व कांग्रेस सांसद समेत सभी आरोपियों को किया बरी कहा— “नहीं मिला कोई सबूत”

दिल्ली से आज एक बड़े और लंबे समय से चल रहे मामले में अहम फैसला सामने आया है। कोयला ब्लॉक…

3 Min Read
  • होम
  • सियासी
  • वर्ल्ड
  • क्राइम
  • शॉर्ट्स
  • फीचर
  • वेब स्टोरी
  • विचार
  • खेल
  • अन्य
  • Entertainment
  • बाजार
  • लाइफस्टाइल

© Indian Press House. Managed by EasyLauncher.

Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?