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US-ईरान के बीच डिजिटल साइन के बाद ट्रंप ने बताई तारीख: जानें कब से पूरी तरह खुलेगा ‘होर्मुज स्ट्रेट’

US-Iran Peace Deal: अमेरिका और ईरान के बीच 107 दिनों से चला आ रहा भीषण युद्ध आखिरकार खत्म हो गया है। दोनों देशों ने एक ऐतिहासिक शांति समझौते पर डिजिटल रूप से हस्ताक्षर कर दिए हैं। इस महाडील का सबसे बड़ा और सकारात्मक असर दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल मार्ग ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ (Strait of Hormuz) पर पड़ा है।

फ्रांस में G-7 शिखर सम्मेलन के दौरान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस बात की पुष्टि की है कि होर्मुज स्ट्रेट को शुक्रवार (19 जून) से पूरी तरह से जहाजों के आवागमन के लिए खोल दिया जाएगा।

बारूदी सुरंगों (Mines) की हो रही है जांच: ट्रंप

फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के साथ द्विपक्षीय बातचीत के दौरान राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि यह समुद्री रास्ता पहले ही आंशिक रूप से खुल चुका है और तेल से लदे जहाज वहां से गुजरने लगे हैं। हालांकि, सुरक्षा के मद्देनजर अभी इस बात की गहन जांच-पड़ताल की जा रही है कि पानी में कहीं कोई बारूदी सुरंगें (Mines) तो नहीं रह गई हैं।

लंदन और पेरिस द्वारा प्रस्तावित संयुक्त नौसैनिक मिशन पर ट्रंप ने दोक थूक कहा:

“मुझे नहीं लगता कि अब हमें इस रास्ते को खुला रखने के लिए किसी बाहरी देश की ज्यादा मदद की जरूरत होगी।”

ईरान के नए और ‘समझदार’ नेतृत्व की ट्रंप ने की तारीफ

गौरतलब है कि 28 फरवरी को अमेरिका-इजराइल के हमले में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत हो गई थी। इसके बाद तेहरान में सत्ता के समीकरण तेजी से बदले। ट्रंप ने ईरान के नए नेतृत्व के साथ बनते अच्छे रिश्तों की सराहना करते हुए एक दिलचस्प बयान दिया।

ट्रंप ने कहा “नेताओं का पहला समूह चला गया, जबकि दूसरा समूह भी चला गया और अब हमें तीसरा समूह बहुत समझदार लगा। और हमने इसके साथ समझौता कर लिया। सबसे अहम बात यह है कि ईरान के पास अब कोई परमाणु हथियार नहीं होंगे।”

क्या जेनेवा जाएंगे राष्ट्रपति ट्रंप?

इस ऐतिहासिक समझौते पर अंतिम मुहर लगाने के लिए अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस शुक्रवार को स्विट्जरलैंड जाएंगे। जब राष्ट्रपति ट्रंप से पूछा गया कि क्या वह खुद इस हस्ताक्षर समारोह का हिस्सा बनेंगे, तो उन्होंने सस्पेंस बरकरार रखते हुए कहा, “हो सकता है कि मैं इसमें शामिल होऊं, या हो सकता है कि न होऊं।”

इस शांति समझौते के बाद वैश्विक बाजार और कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतों में बड़ी राहत मिलने की उम्मीद जताई जा रही है, क्योंकि होर्मुज स्ट्रेट के बंद होने से दुनिया भर में तेल की सप्लाई चेन बुरी तरह प्रभावित हो गई थी।

news desk

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